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अमेरिकी संरक्षणवाद के खिलाफ यूरोपीय संघ ने सक्रिय किया मर्कोसुर व्यापार समझौता

परिचय: यूरोपीय संघ ने मर्कोसुर व्यापार समझौते को सक्रिय किया

जुलाई 2024 में, यूरोपीय संघ ने लंबे समय से लंबित EU-Mercosur एसोसिएशन समझौता को औपचारिक रूप से लागू किया, जिसका मकसद अर्जेंटीना, ब्राजील, पैराग्वे और उरुग्वे सहित दक्षिण अमेरिकी देशों के समूह के साथ व्यापारिक संबंधों को मजबूत करना है। यह कदम 2019 में समझौते की राजनीतिक मंजूरी के बाद कई वर्षों की बातचीत के बाद आया है और यह अमेरिका के बढ़ते व्यापार संरक्षणवाद के खिलाफ रणनीतिक प्रतिक्रिया है, खासकर 2018 में यूएस ट्रेड एक्सपैंशन एक्ट की धारा 232 के तहत यूरोपीय इस्पात और एल्यूमीनियम पर लगाए गए 15% टैरिफ के मद्देनजर। इस समझौते का लक्ष्य 91% वस्तुओं पर टैरिफ खत्म करना है, जिससे यूरोपीय संघ अपने निर्यात बाजारों का विस्तार कर सके और अमेरिका पर निर्भरता कम कर सके।

UPSC प्रासंगिकता

  • GS पेपर 2: अंतरराष्ट्रीय संबंध – यूरोपीय संघ की व्यापार नीति, मर्कोसुर समूह, अमेरिकी व्यापार संरक्षणवाद
  • GS पेपर 3: अर्थशास्त्र – व्यापार समझौतों का प्रभाव, टैरिफ समाप्ति, क्षेत्रीय व्यापार ब्लॉक
  • निबंध: वैश्विक व्यापार गतिशीलता और आर्थिक साझेदारी का रणनीतिक विविधीकरण

EU-Mercosur समझौते का कानूनी ढांचा

यूरोपीय संघ को मर्कोसुर जैसे व्यापार समझौतों पर बातचीत करने और उन्हें अंतिम रूप देने का अधिकार Article 207, Treaty on the Functioning of the European Union (TFEU, 2007) में निहित है, जो व्यापार नीति को EU की सामान्य वाणिज्य नीति के तहत केंद्रीकृत करता है। यह अधिकार यूरोपीय आयोग को देता है कि वह सदस्य राज्यों की ओर से बातचीत करे, बशर्ते यूरोपीय संसद की सहमति प्राप्त हो। वहीं, मर्कोसुर का कानूनी आधार असुंसियन संधि (1991) है, जिसने कस्टम्स यूनियन की स्थापना की, और ओउरो प्रेटो प्रोटोकॉल (1994) है, जो इसके संस्थागत ढांचे और व्यापार नीतियों को परिभाषित करता है।

  • EU TFEU Article 207: व्यापार समझौतों और बाहरी वाणिज्य संबंधों का प्रबंधन करता है।
  • मर्कोसुर असुंसियन संधि: सदस्य देशों के बीच कस्टम्स यूनियन बनाती है।
  • ओउरो प्रेटो प्रोटोकॉल: मर्कोसुर के व्यापार शासन को संस्थागत करता है।
  • यूरोपीय संसद: व्यापार समझौतों के लिए लोकतांत्रिक अनुमोदन प्रदान करती है।

आर्थिक पहलू और व्यापार प्रभाव

EU-Mercosur समझौता लगभग 780 मिलियन लोगों के संयुक्त बाजार और लगभग 20 ट्रिलियन डॉलर GDP (वर्ल्ड बैंक, 2023) को कवर करता है। इस समझौते के तहत 91% वस्तुओं पर टैरिफ हटाने का लक्ष्य है, जिससे अगले दस वर्षों में यूरोपीय संघ के मर्कोसुर को निर्यात में 4.5% की वृद्धि होने की संभावना है, जैसा कि यूरोपीय आयोग के प्रभाव आकलन (2019) में बताया गया है। वर्तमान में EU का मर्कोसुर को वार्षिक निर्यात लगभग 30 अरब यूरो है, जो मुख्य रूप से मशीनरी और वाहन हैं, जबकि मर्कोसुर से EU को लगभग 20 अरब यूरो का कृषि उत्पाद निर्यात होता है।

इस समझौते से GDP में मामूली लेकिन महत्वपूर्ण वृद्धि की उम्मीद है: EU के लिए +0.07% और मर्कोसुर के लिए +0.12%। यह दोनों क्षेत्रों के पूरक व्यापार मॉडल को दर्शाता है—EU से औद्योगिक वस्तुएं और मर्कोसुर से कृषि उत्पाद। यह समझौता अमेरिकी टैरिफों के खिलाफ एक कवच का काम भी करता है, जो 2018 में EU के इस्पात और एल्यूमीनियम पर 15% बढ़ाए गए थे और पारंपरिक निर्यात मार्गों को प्रभावित किया।

पहलू EU-Mercosur समझौता CPTPP (तुलना)
सदस्य देश EU (27) + मर्कोसुर (4) 11 एशिया-प्रशांत देश (यूएस को छोड़कर)
बाजार आकार ~780 मिलियन लोग; USD 20 ट्रिलियन GDP ~500 मिलियन लोग; USD 13 ट्रिलियन GDP
टैरिफ कवरेज 91% वस्तुओं पर समाप्ति 95%+ वस्तुओं पर समाप्ति
व्यापार वृद्धि प्रभाव EU निर्यात 10 वर्षों में +4.5% सदस्य व्यापार 5 वर्षों में +11% (ADB, 2023)
पर्यावरण और श्रम मानक गैर-बाध्यकारी, कमजोर प्रवर्तन बाध्यकारी, मजबूत प्रवर्तन तंत्र

प्रमुख संस्थान

यूरोपीय आयोग EU के लिए बातचीत और क्रियान्वयन का नेतृत्व करता है, जबकि मर्कोसुर अपने काउंसिल और कॉमन मार्केट ग्रुप के माध्यम से काम करता है। विश्व व्यापार संगठन (WTO) इस समझौते के लिए बहुपक्षीय ढांचा प्रदान करता है, जो वैश्विक व्यापार नियमों के अनुपालन को सुनिश्चित करता है। समझौते को लागू करने के लिए यूरोपीय संसद की स्वीकृति आवश्यक है। अमेरिकी पक्ष से, यूएस ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव (USTR) वह एजेंसी है जो यूएस की व्यापार नीति का संचालन करती है, जिसने EU की विविधीकरण रणनीति को प्रभावित किया।

  • यूरोपीय आयोग: EU व्यापार समझौतों की बातचीत और प्रवर्तन करता है।
  • मर्कोसुर काउंसिल: व्यापार नीति और एकीकरण का प्रबंधन करता है।
  • WTO: अनुपालन और विवाद समाधान की निगरानी करता है।
  • यूरोपीय संसद: व्यापार समझौतों को मंजूरी देती है।
  • USTR: अमेरिकी टैरिफ लागू करता है जो EU निर्यात को प्रभावित करता है।

मुख्य चुनौतियां और कमियां

EU-Mercosur समझौते की आलोचना इसके पर्यावरण संरक्षण और श्रम मानकों के प्रवर्तन में कमजोरियों के कारण होती है, जिससे कुछ EU सदस्य देशों और नागरिक समाज समूहों द्वारा इसकी मंजूरी में देरी हुई है। यह स्थिति CPTPP जैसे समझौतों से अलग है, जहां इन मुद्दों पर बाध्यकारी प्रतिबद्धताएं और विवाद समाधान तंत्र मौजूद हैं। प्रवर्तन की कमी सतत विकास लक्ष्यों को कमजोर कर सकती है और EU के भीतर राजनीतिक विरोध को जन्म दे सकती है।

  • पर्यावरण और श्रम मानकों का कमजोर प्रवर्तन।
  • राजनीतिक और नागरिक विरोध के कारण मंजूरी में देरी।
  • सतत विकास प्रतिबद्धताओं की संभावित कमजोराई।
  • स्पष्ट अनुपालन तंत्र के बिना व्यापार विवादों का खतरा।

महत्व और आगे का रास्ता

EU-Mercosur समझौते को सक्रिय करना अमेरिकी व्यापार संरक्षणवाद के जवाब में एक रणनीतिक कदम है, जो EU को अपने निर्यात बाजारों को विविध बनाने और एकतरफा टैरिफ के प्रभाव से बचाने में मदद करता है। यह दक्षिण अमेरिकी बाजारों को यूरोपीय औद्योगिक वस्तुओं के लिए खोलता है और कृषि आयात को सुरक्षित करता है। लेकिन दीर्घकालिक सफलता के लिए EU को पर्यावरण और श्रम मानकों के प्रवर्तन में सुधार करना होगा ताकि व्यापक राजनीतिक समर्थन मिल सके और वैश्विक सततता मानकों के अनुरूप रहा जा सके।

  • समझौते का उपयोग करके EU की अमेरिका पर निर्भरता कम करें।
  • पर्यावरण और श्रम मानकों के प्रवर्तन तंत्र मजबूत करें।
  • मर्कोसुर साझेदारों के साथ मिलकर नियामक ढांचे को उन्नत करें।
  • WTO के तहत बहुपक्षीय व्यापार मानदंडों को मजबूत करने के लिए समझौते का लाभ उठाएं।

EU-Mercosur व्यापार समझौते के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:

  1. समझौता पक्षों के बीच 90% से अधिक वस्तुओं पर टैरिफ खत्म करता है।
  2. मर्कोसुर एक मुक्त व्यापार क्षेत्र है जो सदस्य देशों को स्वतंत्र बाहरी टैरिफ निर्धारित करने की अनुमति देता है।
  3. यूरोपीय आयोग Article 207 TFEU के तहत व्यापार समझौतों का वार्ता करता है।

इनमें से कौन-से कथन सही हैं?

  • (a) केवल 1 और 2
  • (b) केवल 2 और 3
  • (c) केवल 1 और 3
  • (d) 1, 2 और 3

उत्तर: (c)

कथन 1 सही है क्योंकि समझौता 91% वस्तुओं पर टैरिफ खत्म करता है। कथन 2 गलत है क्योंकि मर्कोसुर एक कस्टम्स यूनियन है जिसमें सामान्य बाहरी टैरिफ होता है, मुक्त व्यापार क्षेत्र नहीं। कथन 3 सही है; Article 207 TFEU यूरोपीय आयोग को व्यापार समझौतों की वार्ता का अधिकार देता है।

EU-Mercosur समझौते के प्रवर्तन तंत्र के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:

  1. समझौते में पर्यावरण और श्रम मानकों पर बाध्यकारी प्रावधान शामिल हैं।
  2. इसका प्रवर्तन तंत्र CPTPP की तुलना में कमजोर है।
  3. यूरोपीय संसद ने बिना किसी आपत्ति के समझौते को मंजूरी दे दी है।

इनमें से कौन-से कथन सही हैं?

  • (a) केवल 1 और 2
  • (b) केवल 2
  • (c) केवल 2 और 3
  • (d) 1, 2 और 3

उत्तर: (b)

कथन 1 गलत है क्योंकि समझौते में पर्यावरण और श्रम मानकों पर बाध्यकारी प्रावधान नहीं हैं। कथन 2 सही है; इसका प्रवर्तन CPTPP की तुलना में कमजोर है। कथन 3 गलत है क्योंकि यूरोपीय संसद की मंजूरी अभी लंबित और विवादित है।

मेन प्रश्न

बढ़ते हुए अमेरिकी व्यापार संरक्षणवाद के संदर्भ में यूरोपीय संघ द्वारा मर्कोसुर व्यापार समझौते को सक्रिय करने की रणनीतिक वजहों पर चर्चा करें। समझौते के आर्थिक और कानूनी पहलुओं का विश्लेषण करें और इसके सामने आने वाली प्रमुख चुनौतियों की पहचान करें।

झारखंड और JPSC प्रासंगिकता

  • JPSC पेपर: GS पेपर 2 – अंतरराष्ट्रीय संबंध और व्यापार नीतियां
  • झारखंड दृष्टिकोण: झारखंड की इस्पात उद्योग वैश्विक इस्पात टैरिफ और व्यापार विविधीकरण रुझानों से अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित हो सकती है।
  • मेन प्वाइंटर: वैश्विक व्यापार परिवर्तनों को स्थानीय औद्योगिक क्षेत्रों से जोड़कर उत्तर तैयार करें, और राज्यों जैसे झारखंड के लिए विविधीकृत निर्यात बाजारों के महत्व पर जोर दें।
मर्कोसुर जैसे व्यापार समझौतों पर बातचीत करने का कानूनी आधार क्या है?

यूरोपीय संघ को व्यापार समझौतों पर बातचीत करने का कानूनी अधिकार Article 207, Treaty on the Functioning of the European Union (TFEU, 2007) से मिलता है, जो EU की सामान्य वाणिज्य नीति के तहत व्यापार नीति को केंद्रीकृत करता है और यूरोपीय आयोग को सदस्य राज्यों की ओर से कार्रवाई करने का अधिकार देता है।

मर्कोसुर में कौन-कौन से देश शामिल हैं?

मर्कोसुर के पूर्ण सदस्य अर्जेंटीना, ब्राजील, पैराग्वे और उरुग्वे हैं। यह एक कस्टम्स यूनियन के रूप में कार्य करता है जिसमें सामान्य बाहरी टैरिफ और समन्वित व्यापार नीतियां लागू होती हैं।

यूएस की व्यापार नीति ने EU के मर्कोसुर समझौता सक्रिय करने के फैसले को कैसे प्रभावित किया?

2018 में यूएस ने ट्रेड एक्सपैंशन एक्ट की धारा 232 के तहत EU के इस्पात और एल्यूमीनियम पर 15% टैरिफ लगाया, जिससे EU को अपने व्यापार साझेदारों को विविध बनाने और अमेरिका पर निर्भरता कम करने के लिए मर्कोसुर जैसे समझौतों को सक्रिय करना पड़ा।

EU-Mercosur व्यापार समझौते से कौन-कौन से आर्थिक लाभ अपेक्षित हैं?

यूरोपीय आयोग ने अनुमान लगाया है कि यह समझौता अगले 10 वर्षों में EU के मर्कोसुर को निर्यात में 4.5% की वृद्धि करेगा और GDP में EU के लिए 0.07% तथा मर्कोसुर के लिए 0.12% की वृद्धि लाएगा, मुख्य रूप से 91% वस्तुओं पर टैरिफ समाप्ति के कारण।

EU-Mercosur व्यापार समझौते की मुख्य आलोचनाएं क्या हैं?

इस समझौते की आलोचना पर्यावरण और श्रम मानकों के कमजोर प्रवर्तन के कारण होती है, जिससे इसकी मंजूरी में देरी हुई और नागरिक समाज तथा कुछ EU सदस्य देशों का विरोध सामने आया, जबकि CPTPP जैसे अन्य समझौतों में इन मुद्दों पर बाध्यकारी प्रावधान होते हैं।

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